Bhagwan Aadinath (ऋषभदेव) जैन धर्म के पहले तीर्थंकर

भगवान ऋषभदेव जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर हैं। तीर्थंकर का अर्थ होता है जो तीर्थ की रचना करें। जो संसार सागर (जन्म मरण के चक्र) से मोक्ष तक के तीर्थ की रचना करें, वह तीर्थंकर कहलाते हैं। तीर्थंकर के पांच कल्याणक होते हैं। भगवान ऋषभनाथ जी को आदिनाथ भी कहा जाता…

Continue ReadingBhagwan Aadinath (ऋषभदेव) जैन धर्म के पहले तीर्थंकर