सोलह कारण पूजा || Solah Karan Pooja
कविवर द्यानतराय (अडिल्ल) सोलह कारण भाय तीर्थंकर जे भये | हरषे इन्द्र अपार मेरुपै ले गये || पूजा करि निज धन्य लख्यो बहु चावसौं| हमहू षोडश कारन भावैं भावसौं ||…
कविवर द्यानतराय (अडिल्ल) सोलह कारण भाय तीर्थंकर जे भये | हरषे इन्द्र अपार मेरुपै ले गये || पूजा करि निज धन्य लख्यो बहु चावसौं| हमहू षोडश कारन भावैं भावसौं ||…
जैन मत में दीपावली के पावन पर्व पर धन-लक्ष्मी की बजाए ज्ञान-लक्ष्मी या वैराग्य-लक्ष्मी का पूजन अतिमहत्वपूर्ण माना गया है। इसके पीछे प्रमुख एवं मूलभूत कारण यह है कि दीपावली…
Jain Pooja Dev Shastra Guru केवल-रवि किरणों से जिसका, सम्पूर्ण प्रकाशित है अन्तर, उस श्री जिनवाणी में होता, तत्त्वों का सुंदरतम दर्शन । सद्दर्शन-बोध-चरण-पथ पर, अविरल जो बढ़ते हैं मुनिगण,…
Bhaktamar Stotra Sanskrit की रचना आचार्य मानतुंग जी ने 7वीं शताब्दी मे की थी, आचार्य मानतुंग जी उस समय के प्रसिद्ध राजा भोज के काल में हुए थे। उन्होंने इसकी रचना तब की…
ॐ (औम) का जैन धर्म में अर्थ जैन धर्म में "ॐ" (Aum) एक पवित्र ध्वनि और प्रतीक है, जो आध्यात्मिक और दार्शनिक महत्व रखता है। यह मंत्र जैन परंपराओं में…
जैन धर्म क्या है? इतिहास और तीर्थंकर जैन धर्म की शुरुआत किसी एक व्यक्ति द्वारा नहीं हुई, बल्कि यह एक शाश्वत सत्य (सनातन धर्म) पर आधारित है, जिसे समय-समय पर **तीर्थंकरों**…
"जब कोई नहीं आता, मेरे दादा आते हैं" एक हृदयस्पर्शी जैन भजन है, जो भगवान के प्रति अटूट श्रद्धा और समर्पण को दर्शाता है। इस भजन में भक्त अपनी विपरीत…
Jain Gift Ideas for House Warming: नए घर में सौहार्द और समृद्धि का संदेश नया घर बनाना या खरीदना हर किसी के जीवन में एक महत्वपूर्ण पड़ाव होता है, गृह…