श्री वासुपूज्य जी जिन पूजा – Shree Vasupujya Jin Pooja
श्रीमत् वासुपूज्य जिनवर पद, पूजन हेत हिये उमगाय| थापौं मन वच तन शुचि करके, जिनकी पाटलदेव्या माय|| महिष चिह्न पद लसे मनोहर, लाल वरन तन समतादाय| सो करुनानिधि कृपादृष्टि करि,…
श्रीमत् वासुपूज्य जिनवर पद, पूजन हेत हिये उमगाय| थापौं मन वच तन शुचि करके, जिनकी पाटलदेव्या माय|| महिष चिह्न पद लसे मनोहर, लाल वरन तन समतादाय| सो करुनानिधि कृपादृष्टि करि,…
विमल नृप विमला सुअन, श्रेयांसनाथ जिनन्द| सिंहपुर जन्मे सकल हरि, पूजि धरि आनन्द|| भव बंध ध्वंसनिहेत लखि मैं शरन आयो येव| थापौं चरन जुग उरकमल में, जजनकारन देव|1| ॐ ह्रीं…
शीतलनाथ नमौं धरि हाथ, सु माथ जिन्हों भव गाथ मिटाये | अच्युत तें च्युत मात सुनन्द के, नन्द भये पुर बद्दल आये || वंश इक्ष्वाकु कियो जिन भूषित, भव्यन को…
पुष्पदन्त भगवन्त सन्त सु जपंत तंत गुन| महिमावन्त महन्त कन्त शिवतिय रमन्त मुन|| काकन्दीपुर जन्म पिता सुग्रीव रमा सुत| श्वेत वरन मनहरन तुम्हैं थापौं त्रिवार नुत|| ॐ ह्रीं श्रीपुष्पदन्त जिनेन्द्र…
चारुचरन आचरन, चरन चितहरन चिन्ह चर | चंद-चंद-तनचरित, चंद थल चहत चतुर नर || चतुक चंड चकचूरि, चारि चिद्चक्र गुनाकर | चंचल चलित सुरेश, चूलनुत चक्र-धनुरधर || चर अचर हितू…
श्रीधर-नंदन पद्मप्रभ, वीतराग जिननाथ| विघ्नहरण मंगलकरन, नमौं जोरि जुग-हाथ|| जन्म-महोत्सव के लिए, मिलकर सब सुरराज| आये कौशाम्बी नगर, पद-पूजा के काज|| पद्मपुरी में पद्मप्रभ, प्रकटे प्रतिमा-रूप| परम दिगम्बर शांतिमय, छवि…
जय संभव जिनचन्द्र सदा हरिगनचकोरनुत| जयसेना जसु मातु जैति राजा जितारिसुत|| तजि ग्रीवक लिय जन्म नगर श्रावस्ती आई| सो भव भंजन हेत भगत पर होहु सहाई |1| ॐ ह्रीं श्रीसंभवनाथ…
छन्द अभिनन्दन आनन्दकंद, सिद्धारथनन्दन| संवर पिता दिनन्द चन्द, जिहिं आवत वन्दन|| नगर अयोध्या जनम इन्द, नागिंद जु ध्यावें| तिन्हें जजन के हेत थापि, हम मंगल गावें |1| ॐ ह्रीं श्रीअभिनन्दन जिनेन्द्र…